शनिवार, 24 जनवरी 2026

वो देखो आसमान में तिरंगा ध्वज लहराता है

वो देखो आसमान में, तिरंगा ध्वज लहराता है 

अनगिनत वीर सपूतों की, गाथाएँ गुनगुनाता है 

हर घर तिरंगा है, हर मन तिरंगा है 

एक-एक रंग तिरंगे का, देखो हमसे  बतियाता है 

वो देखो आसमान में--------

सुनो रंग पहला केसरिया, साहस की कहानी है 

भगतसिंह, सुखदेव, राजगुरु, के त्याग की निशानी है 

कितने ही नौजवानों ने, कितनी ही वीरांगनाओं ने 

ओढ़कर केसरिया चोला, समर्पित की जवानी है 

वो देखो आसमान में--------

दूजा रंग सफेद इसका, ईमानदारी सिखलाता है 

लहरा-लहराकर विश्व को, शान्ति का पाठ पढ़ाता है 

मिलावट न हो भावों में, बनो निर्मल गंगाजल से 

खरे सोने से आदर्शों को, अपनाओ तुम, बताता है 

वो देखो आसमान में--------

तीजा रंग है हरा-भरा, देखो खेतों में लहराए 

देश के सारे भंडार भरे, समृद्धि का भान कराए

दूर सीमाओं पर सैनिक, अपने प्राण लुटाते हैं 

वतन पर मिटने वालों का, हरा रंग शौर्य है बताए 

वो देखो आसमान में--------

तिरंगा आन है अपनी, तिरंगा शान है अपनी 

बात जब भारत माँ की हो, तिरंगा जान है हिन्दोस्तान की 

कभी न झुकने देंगे हम, कभी न मिटने देंगे हम

देशभक्ति की भावना को, तिरंगा रंग सिखलाता है 

वो देखो आसमान में--------